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मानसून की खामोशी के बीच निखरी गुरलां की खूबसूरती, ‘मिनी कश्मीर’ सा नजर आया रणजीत सागर तालाब

गुरला/घुमन्तु दर्पण(बद्री लाल माली)। मानसून की सुस्ती से भले ही शुरुआत में जिलेवासियों के चेहरों पर मायूसी छाई थी, लेकिन हाल ही में हुई हल्की बारिश ने मानो प्रकृति में नई जान फूंक दी है। जिला मुख्यालय से करीब बीस किलोमीटर दूर, उदयपुर को जोड़ने वाले हाईवे पर स्थित ऐतिहासिक 1800 बीघा में फेला *गुरला का रणजीत सागर तालाब* इन दिनों अपनी अलौकिक और जादुई खूबसूरती से हर किसी को सम्मोहित कर रहा है। मानसून के इस मौसम में यहां का वातावरण पूरी तरह बदल गया है और यह जगह किसी खूबसूरत हिल स्टेशन जैसी नजर आने लगी है।लगातार हो रही फुहारों के चलते आसपास की पहाड़ियों पर मखमली हरी चादर बिछ गई है, धार्मिक आस्था कालिका माता मन्दिर से इस पूरे क्षेत्र की रंगत देखते ही बनती है। एक तरफ भीलवाड़ा से राजसमंद (उदयपुर) हाईवे पर फर्राटे भरते वाहन और दूसरी तरफ शांत व लबालब पानी से खिलखिलाता ऐतिहासिक रणजीत सागर तालाब त पर्यटकों को अपनी ओर खींच रहा है। इस विशाल तालाब के किनारे बसी गांव की सौंधी और सुंदर बस्ती ग्रामीण संस्कृति का अनूठा व सुरम्य उदाहरण पेश करती है।इस अद्भुत प्राकृतिक सौंदर्य के बीच *पहाड़ी की चोटी पर स्थित सफेद रंग का भव्य प्राचीन कालिका माता मंदिर* इस जगह की भव्यता में चार चांद लगा रहा है। यहां से गुजरने वाला हर राहगीर और दूर-दराज से आने वाले सैलानी इस विहंगम दृश्य को निहारने के लिए मजबूर हो जाते हैं और *पहाड़ी से 10 से 15 किलोमीटर दूर स्थित दुर की जगह को इस जादुई पल* को अपने कैमरों में कैद करने से खुद को रोक नहीं पा रहे हैं।

Ghumntu Darpan
Author: Ghumntu Darpan

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